आप ऑफिस जाते जरुर हैं या फिर आप नया ऑफिस शुरू करने जा रहें हैं तो ये जानकारी आपके जरुर काम आएगी |

वास्तु शास्त्र का ऑफिस में महत्व : –

जिस तरह से लोग घर बनवाने के लिए वास्‍तुशास्‍त्र का ध्‍यान रखते हैं, उसी तरह से कुछ छोटी-छोटी बातें होती हैं जिनपर ध्‍यान रखने से आप घर या आफिस में सुख-स्‍मृद्धि‍ ला सकते हैं। आजकल वास्तु टिप्स का उपयोग घर, फैक्ट्री, कारखानों और ऑफिस आदि सभी जगह पर किया जाता है। वास्‍तुशास्‍त्र को अपनाकर आपके ऑफिस में शांति बनी रहेगी, धन का आगमन होगा और कर्मचारियों का मन काम में लगा रहेगा। वास्‍तुशास्‍त्र के अनुसार यदि ऑफिस के वास्‍तु में कोई दोष हो तो कर्मचारियों का मन काम के प्रति एकाग्रचित नहीं रहता। आज की जीवन शैली में हमारे दिन का सबसे बड़ा हिस्सा ऑफिस में बीतता है। ऑफिस के वातावरण और संबंधों का हमारे जीवन की गुणवत्ता पर गहरा प्रभाव पड़ता है। ऑफिस की सज्जा और वास्तु का बहुत महत्व है। इसका हमारी कार्यक्षमता, खुशी और सामान्य स्वास्थ्य पर प्रभाव पड़ता है।ऑफिस की सज्जा की योजना बनाते वक्त स्वयं की अभिरुचियों के साथ ग्राहक की कार्यात्मक और सौन्दर्यात्मक जरूरतों, उपलब्ध जगह की संभावनाओं का ध्यान रखना पड़ता है। जो आफिस वास्तु अनुकूल नहीं होते हैं, उस जगह कार्य करने वाले कर्मचारियों की कार्यक्षमता प्रभावित होती है, कर्मचारियों में चिड़चिड़ापन रहता है, अधिकारियों व कर्मचारियों के मध्य विवाद होते रहते हैं। इसके अलावा आफिस में कई प्रकार की समस्याएं चलती रहती हैं। इसके विपरीत यदि आॅफिस वास्तु अनुकूल होता है, तो वहां का वातावरण खुशनुमा रहता है, वहां कार्यरत अधिकारी एवं कर्मचारी तनाव मुक्त रहते हैं, उनकी कार्यक्षमता अच्छी होती है, वे मिलजुल कर काम करते हुए प्रसन्न रहते हैं और समय-समय पर योग्यतानुसार प्रमोशन भी प्राप्त करते हैं।




ऑफिस के वास्तु दोषों को नीचे लिखे उपायों से दूर किया जा सकता है-

1. ऑफिस के मुख्य प्रभारी (बॉस) का केबिन सबसे पहले नहीं होना चाहिए। प्रवेश द्वार के समीप किसी ऐसे सहायक का कक्ष हो जो आने वालों को जानकारी उपलब्ध करवा सके।
2. ऑफिस में किसी भी कमरे के दरवाजे के ठीक सामने टेबल नहीं होना चाहिए।
3. दरवाजे की सीध में किसी कर्मचारी को न बैठाएं।
4. ऑफिस में हरे या गहरे रंग का प्रयोग नहीं करना चाहिए। यह रंग रोशनी अधिक खाता है। सफेद, क्रीम या पीला जैसे हल्के रंग का उपयोग करना चाहिए।
5. ऑफिस में पानी की व्यवस्था ईशान कोण में करनी चाहिए। ईशान में पानी तब ही शुभ होगा, जब उसका संबंध जमीन से हो। यदि धरातल से ऊंचे स्थान पर पानी रखना हो तो अपनी सुविधानुसार किसी भी स्थान पर रख सकते हैं।
6. कैशियर को ऐसे स्थान पर नहीं बैठाना चाहिए, जहां से उसे कार्य करते हुए अधिकाधिक कर्मचारी देखें।
7. कुबेर का वास उत्तर दिशा में माना गया है। इसलिए जहां तक संभव हो कैशियर को उत्तर दिशा में ही बैठाएं।
8.कम्प्यूटर, कंट्रोल पैनल, विद्युत उपकरण आदि कार्यालय के आग्नेय कोण में ही लगाए जाने चाहिए।
9. यदि ऑफिस में वेटिंग रूम बनवाएं तो वायव्य कोण उचित रहेगा। कान्फ्रेंस/मीटिंग हॉल भी वायव्य कोण में शुभ माना गया है।
10. एक टेबल पर एक से अधिक कर्मचारियों को नहीं बैठाना चाहिए। इससे काम प्रभावित होता है।
11. ऑफिस के बड़े अधिकारियों को दक्षिण में व छोड़े अधिकारियों को पश्चिम में बैठाना चाहिए।
12. ऑफिस में किसी भी कर्मचारी की पीठ मुख्य द्वार की तरफ नहीं होनी चाहिए।
13. कोई भी वरिष्ठ लोग अगर आपके ऑफिस में आते हे और कोई डील होती हे तो उनका मुख दक्षिण की और होना चाहिए डील आपके हित में ही होगी |
14. वास्तु के अनुसार ऑफिस में सीढ़िया क्लॉक वाइस होना चाहिए और ज्यादा उची सीढ़िया ना बनवाऐ इससे नकारात्मक ऊर्जा प्रवाह होती हे जब व्यक्ति ज्यादा उची सीढ़ी चढ़ता हे तो सही निर्णय लेने में सक्षम नहीं हो पाता हे |
15. अपने ऑफिस की छत पर कूड़ा कचरा नहीं होना चाहिए और कुछ ऑफिस का अटाला भी नहीं होना चाहिए इससे आपके ऊपर कर्ज बढ़ता हे और लक्ष्मी जी का वास नहीं रहता |

तो इस प्रकार आप ऑफिस को भी वास्तु के द्वारा अपने अनुकूल बना सकते हैं | इस जानकारी को शेयर जरुर करें और हमारी ऐसी ही उपयोगी जानकारियाँ जानने के लिए बने रहिये |